Gaushala Anudan Yojana Me Apply Kaise Kare – Gaushala Project In Hindi

उत्‍तर प्रदेश में योगी बनने के बाद प्रदेश में चल रही मिनी कामधेनू योजना को बंद कर दिया गया है। लेकिन योगी सरकार ने पशुपालन के क्षेत्र में एक बड़ी और अहम योजना लांच की है। जिसका नाम Gaushala Anudan Yojana है। आज हम आपको इस लेख के माध्‍यम से बताएंगें कि उत्‍तर प्रदेश में Gaushala kaise Khole और Sarkari Sahayta Kaise प्राप्‍त करें।

प्रदेश की योगी सरकार गौवंश की सुर‍क्षा के प्रति बहुत संवेदनशील है। सरकार ने गौवंश की अवैध कटान रोकने के लिये कड़ा कानून भी बनाया है।

जिसके बाद से उत्‍तर प्रदेश में अन्‍ना गायों की समस्‍या ने विकराल रूप धारण कर लिया है। इन्‍हीं अन्‍ना गायों को प्रदेश की कई गौशालाओं में अन्‍ना गायों का पालन पोषण किया जा रहा है। ऐसी गौशालाओं को उत्‍तर प्रदेश सरकार भी Gaushala Anudan प्रदान कर रही है।

Gaushala Anudan Yojana के उद्देश्य

  • गायों का संरक्षण करना।
  • गौवंश की अवैध कटान रोकना।
  • गौशालाओं के माध्‍यम से रोजगार के नए अवसर खोलना।
  • अन्‍ना गायों को गौशालाओं में शरण देना व डेयरी उद्धोग को बढ़ावा देना।

Gaushala Registration Procedure क्‍या है

Gaushala Anudan Yojana Me Apply Kaise Kare Full Information in Hindi
गौशाला अनुदान योजना उत्तरप्रदेश

यदि आप Gaushala Anudan Yojana 2020 के तहत अपनी खुद की गौशाला खोलना चाहते हैं और उसका रजिस्‍ट्रेशन कराना चाहते हैं। तो आपको Gaushala Registration Procedure को Follow करना पड़ेगा।

यदि आपने पहले ही गौशाला खोल रखी है, तो आप अपने जिले के मुख्‍य पशु चिकित्‍सा अधिकारी से Gaushala Registration Form लेकर पंजीकरण करा सकते हैं।

Gaushala Registration के इच्‍छुक लोग अपना रजिस्‍ट्रेशन संबंधित फार्म पर पशु चिकित्‍सा विभाग के माध्‍यम से करा सकते हैं। यह सुविधा प्रदेश के सभी जिलों में प्रदान की जा रही है।

Gaushala Anudan Yojana के लिये जरूरी पात्रता

  • गौशाला सोसाइटीज रजिस्‍ट्रेशन अधिनियम 1860 के अंतर्गत पंजीकृत होनी चाहिए।
  • उत्‍तर प्रदेश गौशाला अधिनियम 1964 के अधीन पंजीकृत होनी चाहिए।
  • गौशाला जीव जंतु कल्‍याण बोर्ड से मान्‍यता प्राप्‍त होनी चाहिए।
  • गौशाला के पास खुद की जमीन होना अनिवार्य है।
  • गौशाला के पास पैन नंबर होना चाहिए।

Gaushala से होने वाली आय के स्रोत

  • गौशाला को केंद्र व राज्‍य सरकार के द्धारा सरकारी अनुदान प्राप्‍त होना।
  • गौशाला उत्‍पादों के विक्रय से होने वाली आय।
  • दूध व दूध से बने उत्‍पादों के विक्रय से आय।
  • पंचगव्‍य आधारित उत्‍पादों से होने वाली आय।
  • कम्‍पोस्‍ट खाद, वर्मी कम्‍पोस्‍ट, धूपबत्‍ती व अगरबत्‍ती के निर्मांण व विक्रय से होने वाली आय।

Gaushala में होने वाले व्‍यय की जानकारी

  • गौशाला में मौजूद गायों के लिये चारा पशु आहार पर व्‍यय।
  • गौपालक व अन्‍य कर्मचारियों का वेतन तथा मजदूरी व्‍यय।
  • पशुओं की चिकित्‍सा संबंधी व्‍यय।
  • बिजली व पानी के बिल पर होने वाला व्‍यय।
  • गौशाला में निर्मांण व अन्‍य मरम्‍मत संबंधी खर्चे।

Gaushala Anudan Yojana से कितना अनुदान मिलता है

Gaushala Anudan Yojana के तहत गौशाला में यदि 100 गाय रखने की क्षमता है और आपने योजना के आवेदन पत्र में 84 गायों का उल्‍लेख किया है।

तब यदि स्‍थलीय निरीक्षण में गौवंश की संख्‍या 70 पाई जाती है, तो अनुदान की गणना इस प्रकार होगी। 70 X 70 / 100 = 49 गौवंश।

इस प्रकार अनुदान होगा 49 X 30 रूपये X 365 दिन = 5,36,550 रूपये (2017 के अनुसार)

Gaushala Anudan Yojana योजना में 70 प्रतिशत पशुओं की संख्‍या को मुख्‍य आधार माना गया है। जब स्‍थलीय निरीक्षण में जितने गौवंश गौशाला में पाये जाते हैं, तो उस संख्‍या में 70 प्रतिशत यानि 70 का गुणा कर दिया जाता है और कुल क्षमता से भाग दे दिया जाता है। इस प्रकार गायों के भरण पोषण की राशि से गुणा कर अनुदान राशि की गणना कर ली जाती है।

Gaushala Anudan Yojana UP Me Apply Kaise Kare

Gaushala Anudan Yojana Me Apply करने के लिये आपकी गौशाला को सोसाइटीज अधिनिमय 1860 / उत्‍तर प्रदेश गौशाला अधिनियम 1964 के तरह पंजीकृत होना जरूरी है।

यदि आपकी गौशाला पंजीकृत है, तो आप Gaushala Anudan Yojana Me Awedan कर सकते हैं। इसके लिये आपको मुख्‍य पशुचिकित्‍सा अधिकारी के कार्यालय से योजना से संबंधित फार्म लेकर भरना होगा।

पूरा फार्म भरने के बाद उसमें जरूरी दस्‍तावेज संलग्‍न किये जाएंगें और आवेदन पत्र को एक फाइल का रूप दिया जायेगा।

आवेदन पत्र पूरी तरह भरने के बाद इस आवेदन पत्र को अपने जिले के मुख्‍य पशु चिकित्‍सा अधिकारी के कार्यालय में जमा करना होगा।

Gaushala Anudan Yojana का आवेदन जमा होने के बाद, आवेदन पत्र की जांच की जाएगी और गौशाला का स्‍थलीय निरीक्षण जिले के मुख्‍य विकास अधिकारी की अध्‍यक्षता में 5 सदस्‍यों वाली टीम के द्धारा चुनी गई 3 सदस्‍यों वाली टीम की सत्‍यापन रिपोर्ट के आधार पर किया जाएगा।

जिसके बाद जिला स्‍तर पर गौशाला को अनुदान दिये जाने की संस्‍तुति कर दी जाएगी और प्रस्‍ताव गो सेवा आयोग के पास भेज दिया जाएगा।

आपको मेरी यह पोस्‍ट कैसी लगी? कमेंट करके जरूर बताएं और सोशल मीडिया पर शेयर करके इस योजना का प्रचार प्रसार भी जरूर करें। धन्‍यवाद।

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Image Courtesy : Pixabay Free Images

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7 thoughts on “Gaushala Anudan Yojana Me Apply Kaise Kare – Gaushala Project In Hindi”

      • नहीं, सरकारी जमीन पर गौशाला नहीं खोली जा सकती है। लेकिन यदि आप सरकारी जमीन पर गौशाला खोलना ही चाहते हैं, तो इसके लिये आपको सरकार से भूमि मांगनी होगी। यदि सरकार आपको भूमि दे देती है, तो आप सरकारी जमीन पर वैधानिक गौशाला खोल सकते हैं, अन्यथा यह संभव नहीं है।

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  1. गौवंश की हालत बेहद खराब स्थिति में है।गौशालाएं खोलकर उनके लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराये जाने के लिए महत्वपूर्ण योजना है। समाचार एंव जानकारी रोचक है।

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